मंगलवार, 31 जनवरी 2012

अतीत का सैलानी !

मै अतीत का सैलानी

वर्तमान में आया हूँ !

जीवाश्मों की सत्य वाणी

तुम्हे सुनाने आया हूँ !


मै फलसफा नहीं जनता
पर जीवन सिखाने आया हूँ!
मै इतिहास नहीं मानता
पर कुछ याद दिलाने आया हूँ!




तुम्हे चाहे लागु मै बेगाना
तुम्हे अपना बताने आया हूँ!
तुम्हे चाहे लागु मै दीवाना
कुछ समझाने आया हूँ!





मै ना सही इस युग का प्राणी
कुछ खास बताने आया हूँ!
क्या खोया क्या पाया तुमने
ये हिसाब लगाने आया हूँ!





साथ रहता हूँ, पास रहता हूँ!
ये बतलाने आया हूँ!
खुद तुम्हारे अन्दर हूँ मै
ये समझाने आया हूँ!



हरबार किया अनदेखा मुझको
पर मै दिशा दिखने आया हूँ!


मै आत्मा मै जीवन संचार
ये याद दिलाने आया हूँ!


जब अवकाश मिले तब
सुनना क्या बतलाने आया हूँ!
मै अतित का सैलानी
वर्तमान में आया हूँ!